सभी नन्हें मुन्नों को बाल दिवस की ढेरों शुभकामनायें

माँ मैं कितना नन्हा हूँ
जल्दी मुझको बड़ा करो
छू लूँ जाकर आसमान को
ऐसे मुझको खड़ा करो

मेरी अच्छी प्यारी माँ
मुझको कर दो तगड़ा
मारूँ पीटूँ मैं खूब सबको
जब हो जाए झगड़ा

झगड़ा नहीं हैं करते बेटा
ये है गंदी बात
झगड़ा जो भी बच्चे करते
उनको पड़ती डांट

अच्छा तो माँ तुम ही बोलो
मैं क्या हूँ कर सकता
अब मैं खूब पढ़ूँगा मम्मी
ला दो मुझको बस्ता

ठीक है मेरे प्यारे बेटा
ला दूँगी मैं बस्ता
मैं तो बस इतना ही चाहूँ
सदा रहे तू हँसता

नीरज त्रिपाठी